मान लीजिए कि वलय M₂ (Z) का एक उपवलय है या नहीं।
यदि है, तो जाँच कीजिए कि वह इस वलय की एक गुणजावली भी है या नहीं। यदि I इस वलय का एक उपवलय नहीं है, तो इस वलय का एक उपवलय दीजिए।
See Answer →मान लीजिए कि G एक ऐसा समूह है कि AutG चक्रीय है। सिद्ध कीजिए कि G आबेली होगा
See Answer →एक ऐसा समूह G तथा G की एक ऐसी समाकारिता Ø ज्ञात कीजिए, जिससे कि हो तथा
हो। क्या G आबेली होगा? अपने उत्तर के लिए कारण दीजिए।
मान लीजिए कि G कोटि 56 का एक समूह है। इसके सभी सीलो p-उपसमूह क्या होंगे? दर्शाइए कि G सरल नहीं है, अर्थात् G का एक उचित प्रसामान्य अतुच्छ उपसमूह अवश्य ही होना चाहिए।
See Answer →) के और इसकी संरचनाको स्पष्ट शम में दीजिए।
फलन पर विचार कीजिए। मान लीजिए कि
तब फलन के संजन के सापेक्षा B एक समूह है। जाँच कीजिए कि
उपसमूह है या नहीं।
मान लीजिए कि G कोटि वाला एक समूह है, जिसके केवल दो उपसमूह हैं
और स्वयं G. G के लिए एक अल्पिष्ठ जनक समुच्चय ज्ञात कीजिए। साथ ही, यह भी ज्ञात कीजिए कि क्या । एक अभाज्य संख्या है, या भाज्य संख्या है, या दोनों में से कोई भी हो सकती है।
मान लीजिए कि (G,.) एक परिमित आबेली समूह है तथा सिद्ध कीजिए कि
पुष्टिकरण के साथ, किन्सी अक्रमविनिमेय समूह के एक क्रमाविनिमेय उपसमूह का उदाहरण दीजिए।
See Answer →समुच्चय पर विचार कीजिए। X पर ∗ को
द्वारा परिभाषित कीजिए।
i) जाँच कीजिए कि (X,*) एक समूह है या नहीं।
ii) सिद्ध कीजिए कि x*x*x*...*x (n बार) =
द्वारा
पर एक संबंध R परिभाषित कीजिए। जाँच कीजिए कि R एक तुल्यता संबंध है या नहीं। यदि है, तो सभी अलग-अलग तुल्यता वर्ग ज्ञात कीजिए। यदि R. एक तुल्यता संबंध नहीं है, तो
पर एक तुल्यता संबंध परिभाषित कीजिए।
निम्नलिखित में से कौन-से कथन सत्य है? अपने उत्तरों की पुष्टि कीजिए। (इसका अर्थ है कि यदि आप सोचते हैं कि कोई कथन असत्य है, तो एक संक्षिप्त उपपत्ति या एक उदाहरण ऐसा दीजिए जो उसे असल्य दर्शाए। यदि यह एक सत्य कथन है, तो तो ऐसा कहने। ऐसा कहने के लिए एक संक्षिप्त उपपत्ति दीजिए।)
(i) जहाँ φ के ऑयलर-फाई फलन है।
ii) यदि G1, और G2, समूह हैं, तथा f:G1, G2, एक समूह समाकारिता है, तो ० (G₁)=o(G₂) होगा।
iii) यदि G एक आबेली समूह है, तो G चक्रीय होगा।
iv) यदि G एक समूह है तथा तो | G:H|= 2 होता है।
v) Sn के प्रत्येक अवयव की कोटि ज़्यादा से ज़्यादा होती है।
vi) यदि R एक वलय है तथा R की एक गुणजावली 1 है, तो और
vii) यदि सम संख्या में असंयुक्त चक्रों का गुणनफल है, तो sign(Q) = 1 होता है।
viii) यदि किसी वलय का एक मात्रक है, तो उसका केवल एक ही मात्रक होता है।
ix) परिमित क्षेत्र का अभिलक्षणिक शून्य होता है।
x) [0, 1] से R तक असंतत फलनों का समुच्चय बिंदुशः योग और गुणन के सापेक्ष एक वलय होता है।
See Answer →Absolute measures and relative measures of dispersion.
See Answer →Correlation
See Answer →A businessman sells 2000 items per month at a price of Rs. 10 each. It is estimated that monthly sales will increase by 250 items for each Re. 0.25 reduction in price. Find the demand function corresponding to this estimate.
See Answer →Find the effective discount rate when nominal rate of discount is 10% compounded continuously.
See Answer →